जोहार रांची, 22 दिसंबर। झारखंड सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग ने राज्य के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से जोड़ने और आर्थिक बाधाओं को दूर करने के लिए गुरुजी छात्र क्रेडिट कार्ड (जीएससीसी) योजना को प्रभावी रूप से लागू किया है। इस योजना के माध्यम से पात्र छात्रों को रियायती दर पर एजुकेशन लोन उपलब्ध कराया जा रहा है, जिससे पढ़ाई में किसी तरह की आर्थिक परेशानियों का सामना ना करना पड़े।
दरअसल, इस योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों को केवल 4 प्रतिशत साधारण ब्याज दर पर अधिकतम 15 लाख रुपये तक का शिक्षा ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। ऋण चुकाने के लिए छात्रों को 15 साल तक की अवधि दी गई है, जिससे पढ़ाई पूरी करने के बाद उन पर ज्यादा आर्थिक दबाव न पड़े। योजना की सबसे खास बात यह है कि इसमें कोई प्रोसेसिंग फीस नहीं ली जाती, यानी ऋण लेने की प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क है।
किस क्लास के छात्र जीएससीसी का उठा सकते हैं लाभ?
आपको बता दें, गुरुजी छात्र क्रेडिट कार्ड योजना का लाभ वही छात्र ले सकते हैं जो भारतीय नागरिक हों और झारखंड राज्य से संबंधित हों। डिप्लोमा कोर्स के लिए छात्र का 10वीं पास होना जरूरी है, जबकि स्नातक या उससे ऊपर के कोर्स के लिए 10वीं और 12वीं उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। इसके अलावा, छात्र का प्रवेश भारत के किसी मान्यता प्राप्त और प्रतिष्ठित संस्थान में होना चाहिए।
इस योजना के अंतर्गत आईआईटी, आईआईएम, एनआईटी, एक्सएलआरआई, आईआईएससी, बीआईटीएस, एनएलयू, एनआईडी, आईआईएफटी जैसे संस्थानों में दाखिला लेने वाले छात्र भी पात्र हैं। संस्थान का एनआईआरएफ रैंकिंग में टॉप 200 में या अपनी कैटेगरी में टॉप 100 में होना, या फिर एनएएसी से ‘ए’ ग्रेड या उससे ऊपर होना जरूरी है।
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ऐसे करें आवेदन
आवेदन के समय छात्र की आयु 40 वर्ष से अधिक नहीं होनी चाहिए। साथ ही, यह शर्त भी है कि छात्र पहले इस योजना का लाभ न ले चुका हो और उसी कोर्स के लिए किसी अन्य बैंक से एजुकेशन लोन न लिया गया हो।
इस योजना की आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन है। छात्र आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर पंजीकरण कर सकते हैं। ओटीपी सत्यापन के बाद रजिस्ट्रेशन नंबर मिलता है। इसके बाद आवेदन फॉर्म भरकर जरूरी दस्तावेज अपलोड करने होते हैं, जिसके बाद एप्लिकेशन आईडी जारी की जाती है। फिर छात्र सूचीबद्ध ऋण देने वाली संस्था (एमएलआई) का चयन करता है, जो ऋण की स्वीकृति और वितरण की प्रक्रिया पूरी करती है।
आधार कार्ड, प्रवेश पत्र, निवास प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, राशन कार्ड, जाति प्रमाण पत्र और बैंक पासबुक जैसे दस्तावेज जरूरी होते हैं। इसके अलावा सरकार का मानना है कि गुरुजी छात्र क्रेडिट कार्ड योजना से झारखंड के हजारों छात्रों को उच्च शिक्षा का अवसर मिलेगा और राज्य में कुशल मानव संसाधन तैयार करने में मदद मिलेगी।
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